कैबिनेट के फैसलेः योगी सरकार ने अखिलेश राज के दो और फैसले पलटे - SARKARI RESULT | सरकारी रिजल्ट UP | SARKARI RESULT IN HINDI | SARKARI RESULT UP

08 August, 2017

कैबिनेट के फैसलेः योगी सरकार ने अखिलेश राज के दो और फैसले पलटे

कैबिनेट के फैसलेः योगी सरकार ने अखिलेश राज के दो और फैसले पलटे:-


लखनऊ (जेएनएन)। योगी सरकार ने आज अखिलेश सरकार के दो और बड़े फैसलों में बदलाव किया है। आरक्षी नागरिक पुलिस की भर्ती में पिछली सरकार ने लिखित परीक्षा समाप्त कर दी थी लेकिन, अब इसे बहाल
करते हुए कई संशोधन किए गए हैं। जल्द ही सरकार करीब 35 हजार सिपाही (आरक्षी) की नई नियमावली से भर्ती शुरू करेगी। समाजवादी किसान एवं सर्वहित बीमा योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान एवं सर्वहित बीमा योजना शुरू किए जाने का फैसला किया गया है।
आज लोकभवन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में संपन्न कैबिनेट की बैठक में इन प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बाद में राज्य सरकार के प्रवक्ता और ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने फैसलों की जानकारी दी। उत्तर प्रदेश आरक्षी भर्ती (नागरिक पुलिस) नियमावली में संशोधन किया गया है। अब पुरुष और महिला संवर्ग के आरक्षियों की भर्ती लिखित परीक्षा से एक ही मानक पर होगी। भले वह अलग-अलग तारीखों में कराई जाए। यह लिखित परीक्षा 300 अंकों की होगी। आब्जेक्टिव रिटेन टेस्ट में निगेटिव मार्किंग भी होगी। इसका अनुपात भर्ती बोर्ड तय करेगा। पुरुष संवर्ग के लिए 18 से 22 वर्ष की आयु जबकि महिला के लिए 18 से 25 वर्ष की आयु निर्धारित की गई है। इसके लिए उप्र पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड को अधिकृत कर दिया गया है। प्रमुख सचिव गृह अरविन्द कुमार ने बताया कि आरक्षी के एक लाख एक हजार पद रिक्त हैं। इसे सरकार ने तीन वर्ष में पूरा करने का फैसला किया है। जल्द ही बोर्ड भर्ती की प्रक्रिया शुरू करेगा और पहले चरण में 30 से 35 हजार आरक्षी की भर्ती की जाएगी। नई भर्ती के लिए ट्रेनिंग की भी बेहतर व्यवस्था बनाई जा रही है।
शारीरिक परीक्षा के अंक समाप्त
अखिलेश सरकार ने लिखित परीक्षा समाप्त कर हाई स्कूल और इंटर की परीक्षा और शारीरिक परीक्षा के आधार पर अंक निर्धारित किए थे। तब हाई स्कूल के लिए अधिकतम सौ, इंटर के लिए दो सौ और शारीरिक परीक्षा के लिए 200 अंक निर्धारित थे। सरकार ने इस व्यवस्था को समाप्त कर दिया है। अब सभी अभ्यर्थियों को लिखित परीक्षा पास करनी होगी। इसी आधार पर मेरिट बनेगी। इसके लिए न्यूनतम अंक तय नहीं किए गए हैं। यह भर्ती बोर्ड ही तय करेगा कि कितने प्रतिशत लोगों को शारीरिक परीक्षा के लिए बुलाना है। अखिलेश सरकार ने बिना लिखित परीक्षा के 33 हजार अभ्यर्थियों की भर्ती की प्रक्रिया शुरू की थी लेकिन, यह मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है।
दौड़ की समयावधि घटाई
नए प्रस्ताव में सिपाहियों की भर्ती के लिए दौड़ की समयावधि घटा दी गई है। पहले पुरुष को 27 मिनट में 4.8 किलोमीटर और महिला को 18 मिनट में 2.4 किलोमीटर की दौड़ पूरी करनी थी। अब इसमें बदलाव करते हुए पुरुष संवर्ग को 4.8 किलोमीटर की दौड़ 25 मिनट और महिला को 2.4 किलोमीटर की दौड़ 14 मिनट में पूरी करनी होगी। निर्धारित अवधि में दौड़ पूरी करने वाले अभ्यर्थी शारीरिक परीक्षा में उत्तीर्ण माने जाएंगे।